लिग्निएर का ब्लॉग

हम डॉ. आर. सी. स्प्रोल का शिक्षण संघ हैं। हम इसलिए अस्तित्व में हैं ताकि हम जितने अधिक लोगों तक सम्भव हो परमेश्वर की पवित्रता को उसकी सम्पूर्णता में घोषित करें, सिखाएं और रक्षा करें। हमारा कार्य, उत्साह, और उद्देश्य है कि हम लोगों को परमेश्वर के ज्ञान और उसकी पवित्रता में बढ़ने में सहायता करें।

 
5 फ़रवरी 2021

क्या याकूब 2:24 केवल विश्वास के द्वारा धर्मी ठहराए जाने को नकारता है?

हम विश्वास के उच्चारण या विश्वास के दावे के द्वारा उद्धार प्राप्त नहीं करते हैं। उस विश्वास का वास्तविक होना आवश्यक है इससे पहले कि मसीह के गुण को किसी पर हस्तान्तरित किया जाए। आप मात्र कह नहीं सकते कि आपके पास विश्वास है।
5 फ़रवरी 2021

क्या शैतान मेरा मन पढ़ सकता है ?

सम्भवतः वह ऐसा करने में सक्षम हो, परन्तु मेरे पास यह विश्वास करने का कोई कारण नहीं है कि वह कर सकता है।
5 फ़रवरी 2021

सुसमाचार सेवा के लिए बुलाहट के 6 विशिष्ट चिन्ह

केवल उन लोगों को जो विश्वास करते हैं कि वे परमेश्वर के द्वारा उपदेश मंच के लिए चुने गए हैं इस पवित्र कार्य को लेने में आगे बढ़ना चाहिए।
5 फ़रवरी 2021

क्या वे लोग, जिन्होंने ख्रीष्ट के बारे में कभी नहीं सुना, नरक जा रहे हैं?

इस बात को सोचने से अधिक डरावना और भयंकर कुछ नहीं है कि कोई भी मनुष्य नरक जाएगा।
29 जनवरी 2021

नया आकाश और नई पृथ्वी

क्या नया आकाश और नई पृथ्वी में मिलने वाले आनन्द आपके हृदय की लालसा को बढ़ाते हैं? उनको करना चाहिए।
28 जनवरी 2021

स्वयं को सुसमाचार प्रचार करना

हममें से अधिकांश लोगों को पुनः सुसमाचार को खोजने की आवश्यकता है। और इस तरह की पुनः प्राप्ति की प्रतिदिन आवश्यकता है क्योंकि हमारी आवश्यकता सदैव बनी रहती है और हमारे हृदय भटकने के आदि हैं।
27 जनवरी 2021

हमारा प्रति-उत्तर क्या है?

सुसमाचार के प्रति हमारा प्रतिउत्तर क्या है? एक पुराना स्तुति गीत इसे अच्छी तरह से बताता है कि: “भरोसा करो और आज्ञा मानो, क्योंकि कोई और मार्ग नहीं है, यीशु में प्रसन्न होने के लिए, केवल भरोसा करो और आज्ञा मानो।”
26 जनवरी 2021

धर्मी ठहराया जाना और पवित्रीकरण क्या हैं?

धर्मी ठहराया जाना और पवित्रीकरण दोनों सुसमाचार के अनुग्रह हैं; वे सदैव एक दूसरे के साथ रहते हैं, और वे पापियों के पाप से व्यवहार करते हैं। किन्तु वे कुछ महत्वपूर्ण तरीकों से भिन्न हैं।
25 जनवरी 2021

विश्वास क्या है?

वह सुसमाचार जो हमें विश्वास के लिए बुलाता है हमें पश्चाताप करने के लिए भी बुलाता है। यदि हम केवल विश्वास करने की बुलाहट पर ध्यान केन्द्रित करते हैं, तो हम सिक्के के केवल एक ही पहलू की ओर ध्यान दे रहे हैं और इस तथ्य को अनदेखा कर रहे हैं कि दूसरा पहलू है।