लिग्निएर का ब्लॉग

हम डॉ. आर. सी. स्प्रोल का शिक्षण संघ हैं। हम इसलिए अस्तित्व में हैं ताकि हम जितने अधिक लोगों तक सम्भव हो परमेश्वर की पवित्रता को उसकी सम्पूर्णता में घोषित करें, सिखाएं और रक्षा करें। हमारा कार्य, उत्साह, और उद्देश्य है कि हम लोगों को परमेश्वर के ज्ञान और उसकी पवित्रता में बढ़ने में सहायता करें।

 
19 दिसम्बर 2023

चरवाही करने का विविध स्वभाव

कलीसिया की चरवाही करने का एकल केन्द्र है परमेश्वर के वचन के द्वारा परमेश्वर के लोगों का पोषण करना।
18 दिसम्बर 2023

कोई तेरी युवावस्था को तुच्छ न समझे

युवा होना एक बात है। युवा होने के लिए तुच्छ जाने जाना दूसरी बात है।
17 दिसम्बर 2023

हमारा दयालू महायाजक

यूहन्ना 17 में यीशु की महायाजकीय प्रार्थना को पढ़ना हमें उस पर्दे के पीछे स्वागत करता है जो परमेश्वर पिता और पुत्र यीशु ख्रीष्ट के सम्बन्ध को ढकता हैं।
16 दिसम्बर 2023

सर्वज्ञता

अतीत के विषय में विचार करते समय आपने कितनी बार कहा है, “अच्छा होता यदि मैं तब उन बातों को जानता जिन्हें मैं अब जानता हूँ”?
15 दिसम्बर 2023

सर्वशक्ति

पवित्रशास्त्र घोषणा करता है कि परमेश्वर “परमेश्वर यहोवा सर्वशक्तिमान!
14 दिसम्बर 2023

सर्वोपस्थिति

परमेश्वर की सर्वोपस्थिति हमारे उसे अनुभव करने की रीति का आधार है। सर्वोपस्थिति वह है जिससे हम परमेश्वर के असीमता को समझते हैं।
13 दिसम्बर 2023

प्रेम, न्याय, और प्रकोप

फ्रान्सिस शेफर (Francis Schaeffer) ने एक बार हमें कल्पना करने के लिए उत्साहित किया कि हम मार्ग पर चल रहे हैं और देखते हैं कि एक जवान डाकू एक वृद्ध स्त्री को मार रहा है।
11 दिसम्बर 2023

अपरिवर्तनीयता

“परमेश्वर की अपरिवर्तनीयता” वाक्यांश का अर्थ है कि परमेश्वर परिवर्तित नहीं होता है और वह परिवर्तित नहीं हो सकता है
8 दिसम्बर 2023

स्वयंभूति और सरलता

मसीही लोग सच्चे परमेश्वर की आराधना करते हैं, जिसका नाम “मैं हूँ” है (निर्गमन 3:14)। कुछ लोग सोच सकते हैं कि परमेश्वर के लिए यह एक भारहीन और कंगाल नाम है।